जय छत्तीसगढ़ महतारी महिला सेवा संस्थान की ओर से आयोजित हिंदू सम्मेलन कार्यक्रम में स्वदेशी व्यंजनों का आकर्षक स्टॉल लगाया गया, जिसमें पारंपरिक छत्तीसगढ़ी एवं स्वदेशी खाद्य पदार्थों का सुंदर प्रदर्शन किया गया। सम्मेलन में पहुँचे लोगों ने स्टॉल की भूरी-भूरी प्रशंसा की और स्वदेशी संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिला। इस पहल का मुख्य उद्देश्य स्वदेशी संस्कृति के संरक्षण के साथ-साथ महिलाओं के सशक्तिकरण को बढ़ावा देना रहा। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना केवल आर्थिक मजबूती तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्हें आत्मसम्मान, निर्णय लेने की क्षमता और नेतृत्व के अवसर प्रदान करना भी उतना ही आवश्यक है। कार्यक्रम में महिलाओं को स्वरोजगार, स्वदेशी कार्य, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास के माध्यम से आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। आत्मनिर्भर महिला न केवल अपने परिवार को आर्थिक सहयोग देती है, बल्कि समाज में सम्मानजनक स्थान भी प्राप्त करती है। इसके लिए शिक्षा, कौशल विकास, वित्तीय साक्षरता और स्वदेशी उत्पादों को प्रोत्साहन अत्यंत आवश्यक है। इस कार्यक्रम में मोहनी साहू, भारती साहू, ऋतु प्रधान, कनक शाह, पूजा यादव, मंजू टेमरे, भारती सोनी, शमीना अंजुम, शिवा प्रधान, खिलेश्वर साहू एवं महेश साहू की गरिमामयी उपस्थिति रही। संस्था की ओर से हिंदू सम्मेलन आयोजक समिति एवं विशेष रूप से राकेश जाधव का कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु हार्दिक धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया गया।







