जिला अस्पताल सहित सभी स्वास्थ्य केंद्रों में चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों, दवाइयों और आपातकालीन चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश धमतरी। दीपावली पर्व के दौरान पटाखों से होने वाली संभावित दुर्घटनाओं एवं अन्य आकस्मिक स्वास्थ्य संबंधी परिस्थितियों को देखते हुए जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को पूरी तरह मुस्तैद रखने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया है कि जिला अस्पताल सहित जिले के सभी शासकीय स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं दवाइयों उपकरणों तथा चिकित्सकीय स्टाफ की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि आपात स्थिति में लोगों को बिना विलंब के उपचार मिल सके।कलेक्टर ने कहा कि दीपावली खुशियों और उत्साह का पर्व है। इस दौरान आतिशबाजी एवं अन्य गतिविधियों के कारण आंखों में चोट, जलने, आग से संबंधित दुर्घटनाओं तथा अन्य आकस्मिक घटनाओं की आशंका बनी रहती है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी है कि प्रत्येक परिस्थिति से निपटने के लिए पहले से आवश्यक तैयारियां पूरी रखी जाएं। उन्होंने विशेष रूप से जिला अस्पताल एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को सुदृढ़ रखने पर जोर दिया।उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पतालों में बर्न किट, ऑक्सीजन सिलेंडर, प्राथमिक उपचार सामग्री, आवश्यक जीवनरक्षक दवाइयां, ड्रेसिंग सामग्री एवं अन्य आपातकालीन चिकित्सा उपकरण पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रहें। साथ ही चिकित्सकों विशेषज्ञ चिकित्सकों नर्सिंग स्टाफ एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मियों की ड्यूटी इस प्रकार निर्धारित की जाए कि दीपावली के दौरान चौबीसों घंटे चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध रहें। आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित उपचार के लिए आवश्यकतानुसार एम्बुलेंस एवं रेफरल व्यवस्था भी सक्रिय रखी जाए।कलेक्टर ने स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक दवाइयों एवं चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता का पूर्व परीक्षण करने तथा किसी भी प्रकार की कमी पाए जाने पर तत्काल पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने आपात स्थिति में मरीजों को जिला अस्पताल तक पहुंचाने और उपचार के लिए संबंधित स्वास्थ्य संस्थाओं के बीच समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया।उन्होंने कहा कि त्योहार के दौरान आम नागरिकों की सुरक्षा और स्वास्थ्य प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ अपनी सेवाएं दें, ताकि किसी भी आकस्मिक घटना में प्रभावित व्यक्ति को समय पर समुचित उपचार उपलब्ध कराया जा सके।जिला प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि दीपावली के दौरान पटाखे जलाते समय विशेष सावधानी बरतें,बच्चों को अकेले आतिशबाजी न करने दें खुले एवं सुरक्षित स्थानों पर ही पटाखे जलाएं तथा पानी और प्राथमिक उपचार की आवश्यक सामग्री अपने पास रखें। किसी भी दुर्घटना की स्थिति में घबराने के बजाय तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या जिला अस्पताल में उपचार के लिए पहुंचें।





