एमसीबी/26 सितम्बर 2025 / – जिला पंचायत कृषि स्थायी समिति की समीक्षा बैठक जिले में कृषि विकास और योजनाओं की प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई। आज दिनांक 25 सितंबर 2025 को कृषि स्थायी समिति की सभापति श्रीमती सुखमंती सिंह की अध्यक्षता में यह महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई, जिसमें उप संचालक कृषि ने खरीफ 2025 में खाद और बीज की उपलब्धता, तथा विभिन्न योजनाओं के तहत निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति के संबंध में विस्तृत जानकारी समिति को दी। बैठक में विशेष रूप से विकासखण्ड भरतपुर के पट्टाधारी एफ.आर.ए. कृषकों के लिए स्प्रिंकलर सेट, स्प्रेयर पंप और नलकूप खनन हेतु प्रस्ताव डीएमएफ को भेजने के अनुमोदन पर चर्चा हुई। वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी भरतपुर और मनेंद्रगढ़ तथा सहायक भूमि संरक्षण अधिकारी मनेंद्रगढ़ द्वारा स्वीकृत पदों के अंतर्गत कलेक्टर दर पर भृत्य उपलब्ध कराने हेतु अनुशंसा प्रस्तुत की गई। सभापति द्वारा निर्देशित किया गया कि विभिन्न विभागीय योजनाओं के तहत बीज वितरण जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में किया जाए, जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता और प्रभावशीलता सुनिश्चित हो सके। बैठक में सहायक भूमि संरक्षण अधिकारी ने जिले में चल रहे भूमि संरक्षण कार्यों की स्थिति समिति को अवगत कराई और सभापति महोदया ने नदीन कार्यों का प्रस्ताव तैयार करने हेतु विशेष निर्देश दिए। पशुपालन विभाग ने कुक्कुट पालन, शुकर वितरण, उन्नत मादा वत्स पालन, पशु मित्र योजना और बकरी उद्यमिता योजना के चयनित लाभार्थियों की सूची समिति को प्रस्तुत की और अनुमोदन प्राप्त किया। उद्यान विभाग ने अपने द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी दी और योजनाओं में उपलब्ध प्रावधानों के संबंध में समिति को अवगत कराया। मत्स्य पालन विभाग ने जिले के 15 पंजीकृत समितियों में मछली बीज का वितरण करने की जानकारी साझा की। बैठक में कृषि स्थायी समिति के सदस्य श्रीमती संगीता सिंह, कृषि विभाग से उप संचालक कृषि इन्द्रासन पैकरा, पशुपालन विभाग से डी.एस. बघेल, मत्स्य विभाग से ओ.पी. मंडावी, उद्यान विभाग से अर्जुन माकों एवं सहायक भूमि संरक्षण अधिकारी महेश पैकरा उपस्थित रहे। बैठक के अंत में सभापति महोदया ने सभी अधिकारियों और उपस्थित जनप्रतिनिधियों को निर्देशित किया कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम लाभार्थी तक पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। उपसंचालक कृषि एवं अन्य अधिकारियों ने भी विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में जनप्रतिनिधियों के सहयोग और आपसी सामंजस्य के महत्व पर जोर देते हुए सभी से समन्वित प्रयास करने का अनुरोध किया। इस बैठक ने जिले में कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन और उद्यान विभाग की योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू करने और किसानों तथा लाभार्थियों तक लाभ सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई।
ब्युरो रिपोर्ट







