स्वच्छ भारत मिशन की योजना पर पंचायत में फिरा पानी4.50 लाख की लागत से बना शौचालय

बदहालपंचायत भवन के बगल में शौचालय की दुर्दशा न पानी की व्यवस्था और न ही साफ-सफाई; जिम्मेदारों की अनदेखी पर उठ रहे सवाल

बीबीसी लाइव | बलरामपुर-रामानुजगंज रिपोर्ट- राजू पटेल बलरामपुर। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना स्वच्छ भारत मिशन के तहत लोगों को स्वच्छता और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गांव-गांव में शौचालयों का निर्माण कराया गया। लेकिन ग्राम पंचायत बरती खुर्द में इस योजना की जमीनी हकीकत सरकारी दावों पर सवाल खड़े कर रही है।ग्राम पंचायत बरती खुर्द में पंचायत भवन के ठीक बगल में लगभग 4 लाख 50 हजार रुपये की लागत से निर्मित शौचालय आज बदहाली का शिकार है। शौचालय की स्थिति इतनी खराब है कि वहां गंदगी का अंबार लगा हुआ है। पानी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं है और न ही नियमित साफ-सफाई एवं रखरखाव पर ध्यान दिया जा रहा है।स्थानीय स्तर पर शौचालय के निर्माण के बाद से ही इसके रखरखाव को लेकर लापरवाही बरते जाने की बात सामने आ रही है। वर्षों बीत जाने के बाद भी शौचालय की स्थिति में सुधार नहीं होना पंचायत की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। जिस सुविधा का उद्देश्य ग्रामीणों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना था वही अब गंदगी और अव्यवस्था का केंद्र बन गई है।सवाल यह है कि जब शौचालय के निर्माण पर लाखों रुपये खर्च किए गए तो उसके रखरखाव और नियमित साफ-सफाई की जिम्मेदारी किसकी है? क्या निर्माण के बाद इसकी कभी जांच की गई? यदि राशि खर्च हुई है तो ग्रामीणों को उसका लाभ क्यों नहीं मिल रहा है? एक ओर सरकार स्वच्छ भारत मिशन के माध्यम से स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, वहीं दूसरी ओर ग्राम पंचायत बरती खुर्द में शौचालय की बदहाल स्थिति योजना के क्रियान्वयन पर सवाल खड़े कर रही

Recent Posts