धमतरी। भाजपा पार्षद नमृता माला पवार ने रेस्क्यू के नाम पर पुल तोड़े जाने को लेकर कांग्रेस पार्षद सुमन मेश्राम के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि इस बयान से कांग्रेस की मानसिकता उजागर हो गई है। उन्होंने कहा कि जब एक मासूम बच्चा नाले में डूब गया था और उसकी जान बचाने के लिए तत्काल रेस्क्यू अभियान चलाना जरूरी था, उस समय वार्डवासियों की मांग और परिस्थितियों को देखते हुए पुल का हिस्सा तोड़कर रेस्क्यू का रास्ता बनाया गया। मानवीय जीवन की रक्षा के लिए उठाया गया यह कदम पूरी तरह उचित था।नमृता माला पवार ने कहा कि कांग्रेस को हर जनहित के काम में राजनीति नजर आती है। जिस समय निगम के अधिकारी-कर्मचारी और जनप्रतिनिधि बच्चे की तलाश और रेस्क्यू में जुटे हुए थे उस समय कांग्रेस को यह नहीं भूलना चाहिए कि प्राथमिकता किसी राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप की नहीं, बल्कि एक बच्चे की जान बचाने की थी।उन्होंने कहा कि पुल तोड़ने के कारण पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हुई है, जिसकी जानकारी निगम प्रशासन को है। पाइपलाइन की मरम्मत के लिए निगम के कर्मचारी उसी दिन से दिन-रात जुटे हुए हैं और क्षतिग्रस्त हिस्से को जल्द दुरुस्त करने का काम किया जा रहा है। निगम प्रशासन की ओर से नागरिकों को होने वाली असुविधा को दूर करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।भाजपा पार्षद ने कहा कि मुसीबत के समय राजनीति करने के बजाय कांग्रेस पार्षदों को निगम कर्मचारियों और रेस्क्यू टीम के प्रयासों की सराहना करनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों का दायित्व जनता की समस्याओं के समाधान में सहयोग करना है, न कि हर मानवीय और आपातकालीन कार्रवाई को राजनीतिक मुद्दा बनाना।उन्होंने कहा कि निगम प्रशासन ने परिस्थितियों के अनुरूप तत्काल निर्णय लिया और रेस्क्यू अभियान को प्राथमिकता दी। पाइपलाइन की क्षति एक तकनीकी समस्या है, जिसे निगम द्वारा ठीक कराया जा रहा है लेकिन एक बच्चे की जान बचाने के प्रयास को राजनीतिक चश्मे से देखना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कांग्रेस को इस तरह के संवेदनशील मामलों में राजनीति से ऊपर उठकर मानवीय दृष्टिकोण अपनाना चाहिए।






