गौठान के बरगद पेड़ के पास धारदार हथियार से किया जानलेवा हमला, अत्यधिक रक्तस्राव से मौके पर हुई मौत पुलिस अधीक्षक धमतरी के निर्देशन में अर्जुनी पुलिस की त्वरित कार्यवाही – पूछताछ में आरोपी ने हत्या करना स्वीकार किया संक्षिप्त घटना विवरण:थाना अर्जुनी क्षेत्रांतर्गत ग्राम कण्डेल में दिनांक 06 सितंबर 2026 की रात्रि करीब 09:00 बजे मामूली रंजिश एवं पूर्व विवाद के चलते युवक की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या किए जाने की घटना सामने आई थी।मृतक पारसमणी साहू, उम्र 34 वर्ष, निवासी ग्राम कण्डेल, जो राजमिस्त्री का कार्य करता था, घटना के समय गांव के गौठान स्थित बरगद पेड़ के पास मौजूद था। इसी दौरान आरोपी द्वारा पूर्व विवाद एवं रंजिश के चलते उस पर धारदार हथियार से हमला किया गया। गंभीर चोट लगने एवं अत्यधिक रक्तस्राव के कारण पारसमणी साहू की मौके पर ही मृत्यु हो गई।घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक शरद ताम्रकार पुलिस बल के साथ तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। प्रार्थी भारत राम साहू, मृतक के पिता की रिपोर्ट के आधार पर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध थाना अर्जुनी में अपराध क्रमांक 0/2026, धारा 103(1) बीएनएस एवं मर्ग क्रमांक 88/2026, धारा 194 बीएनएसएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई।पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण करते हुए आवश्यक फॉरेंसिक एवं तकनीकी साक्ष्य संकलित किए गए तथा प्रत्यक्षदर्शियों, परिजनों एवं संदेहियों से लगातार पूछताछ की गई।त्वरित विवेचना के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग प्राप्त हुए, जिसके आधार पर ग्राम कण्डेल निवासी यावेन्द्र कुमार ध्रुव, पिता दिनेश कुमार ध्रुव, उम्र 18 वर्ष 01 माह को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान आरोपी ने मृतक पारसमणी साहू की हत्या करना स्वीकार किया,जिसके मेमोरेंडम कथन के आधार पर गवाहों के समक्ष घटना में प्रयुक्त चाकू एवं घटना में प्रयुक्त सामान भी जप्त किया गया है।आरोपी को थाना अर्जुनी द्वारा विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।आरोपी से घटना के संबंध में विस्तृत पूछताछ की जा रही है तथा प्रकरण में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।आरोपी का नाम यावेन्द्र कुमार ध्रुव, पिता दिनेश कुमार ध्रुव, उम्र 18 वर्ष 01 माह,निवासी ग्राम कण्डेल, थाना अर्जुनी, जिला धमतरी (छ.ग.)एसपी धमतरी भावना पांडेय के निर्देशन में धमतरी पुलिस द्वारा गंभीर अपराधों में त्वरित कार्यवाही करते हुए तकनीकी, फॉरेंसिक एवं साक्ष्य आधारित विवेचना के माध्यम से अपराधियों तक पहुंचने और उनके विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित की गई है।







