सर्वत्र नारी पूज्यंते की पवित्र भावनाओं को समाज में समुचित स्थान प्रदान करने का नाम है नारी वंदन बिल-:पं.राजेश शर्मा
सामाजिक ,राजनीतिक क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी है उनका अधिकार-: हिमानी साहू धमतरी-: नारी वंदन बिल पर पूरे देश में बहस छिड़ी हुई है देश की आधी आबादी आबादी मातृ-शक्तियों को लोकसभा विधानसभा में प्रतिनिधित्व करने का अवसर देने के लिए ले गए इस विधेयक पर चर्चाओं का दौर जारी है इसी बीच शहर के समाजसेवी धर्म प्रेमी पंडित राजेश शर्मा के द्वारा एक प्रेरणादाई पहल करते हुए नारी वंदन बिल को ससम्मन पास करते हुए देश में लागू करने के मार्ग प्रशस्त करने हेतु सर्वधर्म समभाव की भावनाओं को जनमानस में समाहित करते हुए हिंदू, मुस्लिम, सिख ईसाई धर्म के मानने वाले श्रीमती एस.के. ओबेरॉय, फातिमा बेगम,सोनाई बाई,बिदां देवांगन जैसे माताओं का शाँल श्रीफल से सम्मान कर समाज को एक पवित्र एवं सार्थक संदेश देते हुए शर्मा द्वारा यह कहा है कि कोई भी समाज कोई भी राष्ट्र या कोई भी क्षेत्र का विकास एवं उसे विकसित बनाने के लिए मातृ शक्तियों की भूमिका अति महत्वपूर्ण है इसलिए समाज के सर्वांगीण क्षेत्र में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने हेतु हम सबको देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के साथ खड़े होकर नारी शक्ति का समर्थन करते हुए उनके समाज में योगदान को आगे बढ़ना चाहिए यही समय की आवश्यकता है। जिसके लिए पुरातन कालीन परंपरा एवं धर्म शास्त्रों में समाहित यह सूत्र वाक्य सर्वत्र नारी पूज्यंते की पवित्र भावना को समुचित स्थान देने का ही नाम है नारी वंदन बिल। वही इस सम्मान का महत्वपूर्ण कड़ी बने वरिष्ठ भाजपा नेता गीता शर्मा निगम के विधि एवं सामान्य प्रशासन विभाग के प्रभारी सदस्य हिमानी साहू ने कहा कि अब सामाजिक राजनीतिक सहित विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका को देखते हुए उनके अधिकारों को उन्हें प्रदान करना ही वर्तमान समय के जिम्मेदार लोगों का नैतिक कर्तव्य है जिसे खुले दिल से स्वीकार करने हेतु उन्हें आगे आना चाहिए नहीं तो इतिहास ऐसे लोगों को कभी माफ नहीं करेगी।उक्त सम्मान के अवसर पर प्रमुख रूप से नगर निगम के पूर्व सभापति राजेंद्र शर्मा अखिलेश सोनकर,पार्षद कुलेश सोनी पिन्टू यादव शैलेश रजक लक्ष्मण पहलवान प्रमोद यादव भागवत साहू सहित अनेक लोगों उपस्थित रहे।






